इस ऑडियो में आप सीखेंगे कि अपने विचारों को खुद की पहचान बनने देने के बजाय उनसे कैसे जुड़ें। अक्सर हम हर आने वाले विचार को सच मान लेते हैं, पर जागरूकता के साथ हम उन्हें गुज़रते हुए अनुभव की तरह देख सकते हैं। यह अभ्यास हमें याद दिलाता है कि आप आपके विचार नहीं हैं। बस सोचने का नज़रिया थोड़ा सा बदलकर आप अपने जीने के पूरे अनुभव को बदल सकते हैं।